बाघल टुडे (अर्की):-मिड डे मील वर्कर्स यूनियन अर्की ब्लॉक की एक बैठक मंगलवार को अर्की में आयोजित की गई। जिसकी अध्यक्षता यूनियन के अध्यक्ष पवन कुमार ने की। बैठक में ब्लॉक के विभिन्न क्षेत्रों से आए मिड डे मील कार्यकर्ताओं ने सक्रिय भागीदारी की। बैठक का आयोजन यूनियन की ओर से कार्यकर्ताओं की जमीनी समस्याओं को समझने, साझा करने और एकजुट होकर समाधान की दिशा में कदम बढ़ाने के उद्देश्य से किया गया।

बैठक में मिड डे मील कार्यकर्ताओं से जुड़े कई गंभीर और लंबे समय से लंबित मुद्दों पर विस्तृत चर्चा हुई। जिनमें मुख्यत चर्चा में कहा गया कि मिड डे मील कार्यकर्ताओं को नियमित अवकाश की सुविधा प्रदान की जाए, ताकि मानवीय जरूरतों व पारिवारिक जिम्मेदारियों का संतुलन बना रहे। केंद्र और राज्य सरकार की ओर से मिलने वाला मानदेय हर महीने एक साथ एक तय तारीख एक तारीख को नियमित रूप से भुगतान किया जाए,ताकि आर्थिक अनिश्चितता और असुविधा से राहत मिले।


वहीं वर्ष में दो बार होने वाले अनिवार्य स्वास्थ्य जांच का पूरा खर्च सरकार वहन करे, ताकि कार्यकर्ताओं पर इसका अतिरिक्त आर्थिक बोझ न पड़े।
इसके अलावा स्कूल प्रशासन द्वारा कार्यकर्ताओं से जबरन उनके काम के अलावा अन्य गैर-प्रासंगिक या असंगत कार्य करवाए जाने की प्रवृत्ति पर रोक लगाई जाए, ताकि सम्मानजनक कार्य वातावरण सुनिश्चित किया जा सके। इस बैठक में राज्य वरिष्ठ उपाध्यक्ष कामरेड जगतराम और जिला कमेटी सदस्य कामरेड राकेश कुमार विशेष रूप से मौजूद रहे। उन्होंने मिड डे मील योजना को निजी हाथों जैसे एनजीओ,ठेकेदारों और कॉर्पोरेट एजेंसियों को सौंपे जाने की सरकार की मंशा पर सवाल उठाए और चिंता प्रकट की कि यह योजना धीरे-धीरे श्रमिकों के अधिकार छीनने की दिशा में बढ़ रही है।


उन्होंने यह भी बताया कि किस तरह सरकार ने 44 श्रम कानूनों को खत्म कर चार नई मज़दूर-विरोधी श्रम संहिताएं लागू करने की प्रक्रिया शुरू की है, जिससे न केवल काम के अधिकार सीमित होंगे, बल्कि यूनियन गतिविधियों पर भी प्रभाव पड़ेगा। यह कदम श्रमिक आंदोलन और मज़दूरों के संघर्ष को कमजोर करने की कोशिश है। बैठक में सर्वसम्मति से निर्णय लिया गया कि इन सभी मांगों को लेकर 20 मई 2025 को आयोजित होने वाली राष्ट्रव्यापी आम हड़ताल में सभी मिड डे मील कार्यकर्ता शामिल होंगे। तय किया गया कि इस हड़ताल को सफल बनाने के लिए अधिक से अधिक कार्यकर्ताओं से संपर्क किया जाएगा और व्यापक जनजागरूकता अभियान चलाया जाएगा।

इस अवसर पर 11 सदस्यीय ब्लॉक कमेटी का भी गठन किया गया। जिसमें पवन को अध्यक्ष,मीना को सचिव और प्रीति को कोषाध्यक्ष चुना गया। कमेटी को यह जिम्मेदारी दी गई कि वह यूनियन की गतिविधियों को संगठित रखे और कार्यकर्ताओं की आवाज़ को प्रभावशाली रूप से आगे ले जाए।
